Oral Health: ओरल हेल्थ क्या है और इससे कैसे बचें?

1) क्या है ओरल हेल्थ?

इलिनॉय शिकागो यूनिवर्सिटी के अनुसार हमारे मुंह में 300 से भी अधिक प्रकार के बैक्टीरिया लाखों की संख्या में होते हैं। इनमें से कुछ ओरल हेल्थ को बिगाड़ते हैं। मुंह का सबसे महत्वपूर्ण अंग मसूड़े हैं। इनमें किसी तरह की तकलीफ नहीं है तो ओरल हेल्थ मोटे तौर पर ठीक है, लेकिन मसूड़ों में से यदि खून बहता है, दुर्गंध आती है। दांतों में सेंसेटिविटी और दर्द है तो ये ओरल हेल्थ खराब होने के प्रमुख लक्षण हैं।

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2) समस्या कितनी बड़ी?

नेशनल ओरल हेल्थ प्रोग्राम 2020 की रिपोर्ट के अनुसार 95% भारतीय युवा मसूड़ों की समस्या से परेशान हैं। डब्ल्यूएचओ के अनुसार दुनिया में लगभग 350 करोड़ लोग मुंह से संबंधित छोटी- बड़ी बीमारी से ग्रस्त हैं। पर इसके प्रति जागरूकता नहीं है।

 

3) खराब ओरल हेल्थ से किन बीमारियों का खतरा ?

अल्जाइमर

नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन में प्रकाशित शोध बताता है कि जबड़ों से जुड़ी क्रेनियल नर्व अथवा रक्त प्रवाह के माध्यम से ओरल बैक्टीरिया मस्तिष्क तक पहुंच सकते हैं, जिससे अल्जाइमर्स का खतरा बढ़ता है।

हड्डियों के रोग

द एकेडमी ऑफ जनरल डेंटिस्ट्री का दावा है कि मसूड़ों में सूजन, ब्लीडिंग और कमजोर मसूड़ों से हड्डियां कमजोर हो सकती हैं, स्किन प्रभावित होती है, जिससे व्यक्ति तुलनात्मक रूप से अधिक उम्रदराज दिखता है।

कैंसर

जरनल ऑफ नेशनल कैंसर इंस्टीट्यूट में प्रकाशित शोध में पाया गया कि मसूड़ों से संबंधित बीमारी से पीड़ित पुरुषों में पैन्क्रियाटिक कैंसर होने की आशंका 33 प्रतिशत अधिक होती है।

दिल को खतरा

मसूड़ों की समस्या से पीड़ित लोगों में हृदय की धमनियों से जुड़ी समस्याओं का खतरा लगभग 2 गुना होता है। दिल की कार्य प्रणाली भी अनियमित होने का खतरा अधिक रहता है।

 

4) बचाव के तरीके ?

भोजन में क्या खाएं? 

  • फल ज्यादा खाएं।
  • चीनी कम खाने में चीज, फल और सब्जियों को शामिल करें। इनके मिनरल्स मसूड़ों को बीमारियों से बचाते हैं। 
  • मुंह के कैंसर का खतरा कम होता है।

 

ब्रश करने का सही तरीका

  • 45 डिग्री के एंगल पर ब्रश करें।
  • ब्रश को दांतों व मसूड़ों पर लगभग 45 डिग्री एंगल पर रखकर घुमावदार ऊपर नीचे करना चाहिए। 
  • इससे मसूड़ों और दांतों को नुकसान की आशंका कम होती है।

 

मुंह को साफ रखें

  • हर बार खाने के बाद मुंह साफ करें।
  • कैविटी पैदा करने वाले बैक्टीरिया मीठे खा पदार्थों को एसिड में बदलते हैं।
  • मीठा खाने के 5 मिनट के भीतर पानी से मुंह साफ करें।
  • इसमें मौजूद फ्लोराइड एसिड को कम करता है।

 

5) ओरल हेल्थ के भ्रम और उनके सच क्या है?

  1. ब्रश रगड़कर करेंगे तो दांत उतने ज्यादा साफ होंगे फैक्ट। जोर से ब्रश करने से दांतों के ऊपर पाई जाने वाली परत (इनेमल) को नुकसान पहुंचता है। यही परत कैविटी से बचाती है।
  2. दांतों की सुरक्षा परत खत्म होने से ही झंझनाहट होती है झनझनाहट टूथपेस्ट में पाए जाने वाले हाइड्रोजन पैराक्साइड से भी हो सकती है। झनझनाहट हो तो टूथपेस्ट बदल कर देखें।
  3. केवल मीठे पदार्थ खाने से ही कैविटी होती है। बिस्किट और चिप्स भी नुकसान पहुंचाते हैं। ऐसा कार्बोहाइड्रेट के कारण होता है। इसमें शुगर होती है।

 

समस्या कितनी बड़ी?

नेशनल ओरल हेल्थ प्रोग्राम 2020 की रिपोर्ट के अनुसार 95% भारतीय युवा मसूड़ों की समस्या से परेशान हैं। डब्ल्यूएचओ के अनुसार दुनिया में लगभग 350 करोड़ लोग मुंह से संबंधित छोटी- बड़ी बीमारी से ग्रस्त हैं। पर इसके प्रति जागरूकता नहीं है।

 

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